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ਤੰਤ ਮੰਤ੍ਰ ਸਭ ਅਉਖਧ ਜਾਨਹਿ ਅੰਤਿ ਤਊ ਮਰਨਾ ॥੨॥तंत मंत्र सभ अउखध जानहि अंति तऊ मरना ॥२॥जो तंत्र, मंत्र एवं समस्त औषधियों को जानता है, आखिरकार सबकी मृत्यु आनी है॥ २॥ ਰਾਜ ਭੋਗ ਅਰੁ ਛਤ੍ਰ ਸਿੰਘਾਸਨ ਬਹੁ ਸੁੰਦਰਿ ਰਮਨਾ ॥राज भोग अरु छत्र सिंघासन बहु सुंदरि रमना ॥राज को भोगने वाले, सिंहासन पर छत्र धारण
